आज का हमारा चित्र उस शण को दर्शाता है जब रोमन सैनिक, ईसा मसीह को, महायाजक कैयाफ़स के पास लेके जाते हैं, उनकी मृत्यु की सज़ा सुनाए जाने से कुछ देर पहले। यहाँ उनसे उनके अध्ययन के बारे में कई सवाल पूछे गए और उसी दौरान झूटे गवाह उनके विरुद्ध गवाही दे रहे थे—इस पल का वर्णन ईसाई धरम के चारों सिद्धांतों (गोस्पेल) में मौजूद है।
यह चित्र हॉनथोर्स्ट की सबसे प्रसिद्ध कृतियों में से एक है, जो उन्होंने रोम में रहते हुए बनाई थी, इसमें कारवाज्जियो का गहरा प्रभाव दिखाई देता है। इस रचना का केंद्र, चित्र में मौजूद एकलौती मोमबत्ती से निकलती रोशनी है, जिसके पास महायाजक कैयाफ़स की इंगित करती उंगली ध्यान आकर्षित करती हैं। उनके सामने एक खुली किताब रखी नज़र आती है जिसमे मूसा कानून (मोज़ाइक कानून) अंकित है, जिसके अनुसार ईसा के मसीहा बनने का दावा, मृत्यु दंडनीय अपराध था। कथात्मक विवरणों से रहित यह दृश्य सघन तीव्रता प्राप्त करता है जो कारवाज्जियो के बाद के कार्यों की सादगी की याद दिलाता है।
पुनश्च - क्या आप महायाजक के सामने खड़े ईसा के इस चित्र से प्रेरित हुए? अपनी यादों और रचनात्मक विचारों को हमारे इस हस्तनिर्मित आर्ट जर्नल्स में दर्ज करें।
पुनः पुनश्च - सदियों से बाइबल ने कलाकारों को प्रेरणा दी है। क्या आप हमारे क्विज़ में बाइबिल के दृश्य पहचान सकते हैं?!