चार्ल्स दे सॉलियर, कोमते दे मोरेटे by Hans Holbein the Younger - 1534 - 1535 - 75.5 x 92.5  से. मी. चार्ल्स दे सॉलियर, कोमते दे मोरेटे by Hans Holbein the Younger - 1534 - 1535 - 75.5 x 92.5  से. मी.

चार्ल्स दे सॉलियर, कोमते दे मोरेटे

कैनवास पर तेल रंग • 75.5 x 92.5 से. मी.

  • Hans Holbein the Younger - c. 1497 - 1543 Hans Holbein the Younger

    1534 - 1535

अलब्रेख्ट ड्यूरर के अलावा, हाँस होलबाइन द यंगर उत्तरी पुनर्जागरण चित्रकला के सबसे महत्वपूर्ण प्रतिनिधि माने जाते हैं। उनके पोट्रेट चित्र बनाने की प्रतिभा ने उनको सामान्य तौर पर ख्याति दिलाई, और 1536 के इर्द-गिर्द, इंग्लैंड के हेनरी VIII का कोर्ट पेंटर होने के नाते उन्हें अपर प्रतिष्ठा हासिल हुई जो जर्मन भाषी दुनिया कि सीमाओं से कई  आगे फ़ैल चुकी थी। अपने चित्रों और पोट्रेट रेखांकनों में उन्होंने मध्यवर्गीय और रईस व्यक्तियों के चेहरों को इस तरह प्रस्तुत किया कि आज हम उत्तरी पुनर्जागरण के युग के लोगों की छवि उन्हीं की शैली में देखते हैं।

पहली नज़र में यह चित्र एक तस्वीर जैसी लगती है, नहीं ?

चार्ल्स दे सॉलियर, कोमते दे मोरेटे, एक फ़्रांसीसी सैनिक एवम राजदूत थे और साथ ही फ्रांसिस I के दीर्घकालीन खास कर्मचारी (जेंटिलहोम्म दे ला शांब्र) भी थे। वह अक्तूबर 1526 से जून 1535 के बीच कई बार राजदूत के तौर पर इंग्लैंड गए। 1534 में जब हेनरी VIII कैथरीन ऑफ आरागॉन को अस्वीकार करने के लिए फ्रांस का समर्थन प्राप्त करने की कोशिश कर रहे थे, और सम्राट चार्ल्स V के विरुद्ध गठबंधन बनाना चाह रहे थे, तब मोरेट लंदन में ही थे। लगभग इसी समय हाँस होल्बाइन द यंगर ने उनका यह पोर्ट्रेट चित्रित किया था।