सकाई होइत्सु, रिनपा शैली परंपरा के एक जापानी चित्रकार थे, जो 17वी शताब्दी में स्थापित, जापानी चित्रकला के ऐतिहासिक शैलियों में से एक था। होइत्सु को ओगाता कोरिन और उनकी शैली को पुनर्जीवित करने के लिए जाना जाता है। साथ ही उन्होंने कोरिन द्वारा बनाई कई कृतियों को भी दोबारा चित्रित किया। हमे कोरिन की कृतियाँ DailyArt पर जल्द ही ले आनी चाहिए।
होइत्सु अक्सर शहर के छोटे मकानों में रहने वाले लोगों के लिए दो पैनल वाले फोल्डिंग स्क्रीन यानी पर्दे बनाते थे, जिसपर वह निपुणतापूर्वक तराशीकोमी तकनीक का इस्तेमाल करते थे, जिसमे स्याही और रंगों को बह कर कृति के निचले हिस्से में इकट्ठा होने का मौक़ा दिया जाता है। इस तकनीक के बदोलत इस चित्र में काई से ढकी पेड़ की वल्कल और गुलदाऊदी पौधे के मुड़े हुए पत्तों को एक धब्बेदार बनावट मिलती है। पॉलोनिया यानी राजकुमारी वृक्ष और गुलदाऊदी का युग्मन, वसंत से शरद में बदलती ऋतु का एहसास देता है और साथ ही एक शाही अनुनाद का भाव भी लाता है। पॉलोनिया, जिसे आम तौर पर औषधीय गुणों के लिए सराहा जाता है, वह यहा तन्यकता और मज़बूती का संकेत देती है, जबकि गुलदाऊदी हमेशा से आदर्श नियमों का प्रतीक रहा है।
यह शानदार कृति हमारे जापानीज आर्ट 50 पोस्टकार्ड सेट में शामिल है। :)
पुनश्च - जापान के फोल्डिंग स्क्रीन की सुंदरता को यहाँ देखें!
Sakai Hōitsu