आज हम इस खास महीने को ह्यूस्टन के म्यूज़ियम ऑफ़ फाइन आर्ट्स के संग्रहण से आगे बढ़ाते हैं। इसका आनंद लीजिए!
इस चित्र में युवा लड़की, गोद में एक शिशु को पकड़े, प्रेक्षक की ओर गहरी नज़रों से देख रही है। इस दृश्य की खूबसूरती को शब्दों में बयान करना मानो नामुमकिन है। विलियम बुगेरो एक सर्वोत्कृष्ट कामयाब शास्त्रीय चित्रकार थे। उनके कैनवास यूरोप एवं अमरीकी संग्राहकों के बीच लोकप्रिय थे और हाल के सालों में उनकी प्रसिद्धता फिर से लौट आई है। बेहद बारीक तकनीक से रची, दी एल्डर सिस्टर यानी बड़ी बहन एक भावुक दृश्य है, जिसके लिए चित्रकार ने अपनी बेटी, हेनरिएट और बेटे, पॉल को प्रतिमा के तौर पर चुना। इस चित्र में बुगेरो ने अपने बच्चों की हर छोटी कमी को अनदेखा कर, उन्हें उत्तम विशेषता के साथ, साफ़-सुथरे कपड़े पहने, एक शांतिपूर्ण ग्रामीण पृष्ठभूमि में चित्रित किया है। यह कृति संयुक्त एवं संतुलित है, जहाँ दोनों बच्चो के हाथ और पैर लगभग कैनवास के बीचों-बीच मिलते हैं। बुगेरो द्वारा रंगों का सुचारू प्रयोग और बारीकियों पर ध्यान इस चित्र को अति-यथार्थवादी बनाता है। हालाकि उनकी कृतियाँ मूल रूप से उच्च पुनर्जागरण काल के उस्तादों की रचनाओं के माध्यम से क्लासिसिज्म एवं पप्राचीन आदर्शवाद से प्रेरित थीं, दी एल्डर सिस्टर जैसे चित्र स्पष्ट रूप से विक्टोरियन आदर्श को प्रस्तुत करते हैं।
हमे उम्मीद है की आप सबका रविवार शांत और सुकून भरा हो!
पुनः पुनश्च - विलियम-एडोल्फ़ बुगेरो की सबसे प्रसिद्ध कृति एक यूनानी देवी की उत्तपत्ति की कहानी का वर्णन करती है। क्या आप बता सकते हैं हम किस चित्र की बात कर रहे है?